सतना और मैहर जिलों में शिक्षा विभाग की ई-हाजिरी व्यवस्था सात माह बाद भी अपेक्षित सफलता हासिल नहीं कर पाई है। शिक्षक और प्राचार्य की उपस्थिति 80 फीसदी के आसपास ही सिमटी है, जबकि अतिथि शिक्षकों की हाजिरी बेहतर बनी हुई है।
शिक्षा विभाग द्वारा शिक्षकों की ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करने के लिए लागू किए गए ‘हमारे शिक्षक’ मोबाइल ऐप की गंभीर खामियां सामने आई हैं। मैहर जिले के एक शिक्षक को पोर्टल पर मृत घोषित कर दिया गया, जबकि वे नियमित रूप से स्कूल जाकर पढ़ा रहे हैं।














